गाजियाबाद में भी पंचायत सहायक के लिए मांगे गए आवेदन, जानें- सैलरी और भर्ती समेत अन्य डिटेल
गाजियाबाद। दिल्ली से सटे गाजियाबाद और गौतमबुद्धनगर समेत उत्तर प्रदेश के कई जिलों में पंचायती राज विभाग द्वारा उत्तर प्रदेश राज्य के 10वीं पास अभ्यर्थियों के लिए ग्राम पंचायत सहायक एवं डाटा एंट्री ऑपरेटर 2783 पदों पर भर्ती के लिए यूपी सरकारी नौकरी नोटिफिकेशन आमंत्रित किया है। इस कड़ी में गाजियाबाद जिले की 33 ग्राम पंचायतों में भी जल्द ही पंचायत सहायक की नियुक्ति की जाएगी। इसके लिए तैयारी शुरू कर दी गई है, आवेदन मांगे गए हैं। पंचायत सहायक की नियुक्ति से लोगों को तहसील के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे, ज्यादातर काम ग्राम पंचायत स्तर से ही हो जाएंगे। बता दें कि जिले में 161 ग्राम पंचायत हैं, इनमें से 153 ग्राम पंचायत में पूर्व में पंचायत सहायक की नियुक्ति की गई थी, जिनमें से 25 ने इस्तीफा दे दिया था। अब पंचायत सहायकों की नियुक्ति के लिए आवेदन मांगे गए हैं, तीन जून तक आवेदन जमा किए जाएंगे।
आगामी 18 जून को जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह की अध्यक्षता में गठित कमेटी आवेदन पत्र का परीक्षण करेगी और 26 जून को नियुक्ति पत्र दिए जाएंगे।
इन ग्राम पंचायतों में होगी नियुक्ति
जिला पंचायत राज अधिकारी प्रदीप द्विवेदी ने बताया कि अमीपुर बड़ायला, अतरौली, बखरवा, बेगमाबाद बुढ़ाना, ह्दयपुर मडौला, लतिफपुर तिबड़ा, सारा, शेरपुर, सीकरी खुर्द, तलहैटा, त्यौड़ी सात बिस्वा, अफजलपुर, अलीपुर नोरासपुर, औरंगाबाद रिस्तल, जावली, मंडौला, मीरपुर हिंदू, असदपुर नांगल, भदौली, खिंदौड़ा, खुर्रमपुर, मिलक रावली, मोहम्मदपुर द्वेधा, सुल्तानपुर, सुराना, अटौर, चितौड़ा, दीनानाथपुर पूठी, इनायतपुर, जलालाबाद, निडौरी, निगरावटी, नूरपुर ग्राम पंचायत में पंचायत सहायकों की नियुक्ति की जाएगी।
गौरतलब है कि यूपी ग्राम पंचायत सहायक भर्ती 2022 के लिए योग्य एवं इच्छुक उम्मीदवार यूपी पंचायती राज विभाग की ऑफिशल वेबसाइट के माध्यम से आवेदन फार्म डाउनलोड कर सकते हैं। इसके बाद विभाग द्वारा निर्धारित तिथि तक संपूर्ण शैक्षणिक योग्यता संबंधित दस्तावेजों के साथ पंजीकृत डाक स्पीड पोस्ट के माध्यम से भेज सकते हैं।
बता दें कि ग्राम पंचायत सहायक, महिला स्वयं सहायता समूह को ग्राम प्रधान, ग्राम पंचायत सचिव से अपनी ड़्यूटी का सत्यापन कराना होगा, उसके बाद ही इन्हें वेतन मिलेगा। ग्राम पंचायत सहायक को प्रतिमाह 6000 रुपये और समूह को 9000 रुपये शौचालय देखरेख के लिए मिलते हैं।